Assam Elections: असम में चुनावी सरगर्मियों के बीच पवन खेड़ा ने हिमंता बिस्व सरमा और उनके परिवार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इन आरोपों के बाद असम से लेकर दिल्ली तक सियासत गरमा गई है।
इसी मामले में असम पुलिस ने पवन खेड़ा के दिल्ली स्थित आवास पर छापेमारी भी की। इस दौरान दिल्ली पुलिस भी असम पुलिस के साथ मौजूद रही।
इस बीच मुख्यमंत्री हिमंता बिस्व सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर दिए इंटरव्यू में पवन खेड़ा के सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने पासपोर्ट, विदेश में संपत्ति और जमीन कब्जे जैसे आरोपों पर विस्तार से जवाब दिया।
पासपोर्ट और विदेश में संपत्ति के आरोपों पर क्या बोलीं रिंकी सरमा
सवाल में दुबई में संपत्ति, वायोमिंग में कंपनी, फर्जी पासपोर्ट और 52 हजार करोड़ की संपत्ति जैसे आरोपों को लेकर प्रतिक्रिया मांगी गई। इस पर रिंकी सरमा ने कहा कि यह सभी आरोप पूरी तरह फर्जी हैं।
उन्होंने कहा, “जैसे पागल कुत्ता इधर-उधर दौड़ता है, वैसे ही कांग्रेस के लोग भी आरोप लगाते घूम रहे हैं। ये सारे आरोप एआई जनरेटेड हैं और मैं खुद इसकी पुष्टि कर चुकी हूं।”
उन्होंने आगे कहा कि उनके पास एक ही पासपोर्ट है। उन्होंने सवाल करते हुए कहा, “क्या आपके पास तीन पासपोर्ट हो सकते हैं। मेरे पास भी नहीं हो सकते। इसलिए मैंने इस मामले में केस दर्ज करा दिया है और अब न्याय का इंतजार कर रही हूं।”
स्पेलिंग विवाद पर उन्होंने कहा कि उनके पासपोर्ट में जो स्पेलिंग दर्ज है वही सही है।
जमीन कब्जे के आरोपों पर भी दिया जवाब
जब उनसे पूछा गया कि असम में जमीन कब्जाने के आरोप लग रहे हैं तो रिंकी सरमा ने इसे भी गलत बताया।
उन्होंने कहा, “अगर जमीन हमारी है तो सबूत पेश करें। मुख्यमंत्री हिमंता बिस्व सरमा ने असम में बड़े बदलाव किए हैं। विपक्ष को मुद्दा नहीं मिल रहा है, इसलिए मुझे और मेरे परिवार को निशाना बनाया जा रहा है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि उनके बेटे और बेटी तक को निशाना बनाया जा रहा है और राजनीतिक विरोधी परिवार पर व्यक्तिगत हमले कर रहे हैं।
किसानों के आरोपों पर भी दिया जवाब
जोरहाट और अन्य जिलों के किसानों द्वारा जमीन कब्जे के आरोपों पर रिंकी सरमा ने कहा, “अगर किसान ऐसा कह रहे थे तो उनसे पूछना चाहिए था कि उन्हें सैलरी कौन दे रहा था। अगर उन्हें भुगतान मिल रहा था तो बागान मेरा ही हुआ।”
गौरव गोगोई विवाद पर भी बोलीं
जब सवाल पूछा गया कि कांग्रेस नेताओं का कहना है कि उनके नेता गौरव गोगोई और उनके परिवार पर पहले व्यक्तिगत आरोप लगाए गए, इसलिए जवाब में यह आरोप लगाए गए, तो रिंकी सरमा ने कहा कि वह राजनीति में नहीं हैं।
उन्होंने कहा, “मैं पॉलिटिशियन नहीं हूं। इसलिए राजनीतिक टिप्पणी नहीं करती। लेकिन अगर मेरे ऊपर व्यक्तिगत हमला होगा तो मैं जवाब जरूर दूंगी। हर किसी को अपने ऊपर लगे आरोपों का जवाब देने का अधिकार है।”
चुनाव से पहले बढ़ी सियासी तल्खी
असम में चुनाव से पहले यह विवाद अब राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से आगे बढ़कर व्यक्तिगत हमलों तक पहुंच गया है। एक तरफ कांग्रेस लगातार आरोप लगा रही है, वहीं मुख्यमंत्री परिवार की ओर से भी अब खुलकर जवाब दिया जा रहा है।
ऐसे में आने वाले दिनों में यह सियासी टकराव और तेज होने की संभावना है।

