DAV National Wushu Championship : कांके प्रखंड के बालू गांव निवासी प्रशांत कुमार सिंह ने DAV नेशनल वुशु चैंपियनशिप (DAV National Wushu Championship) में शानदार प्रदर्शन करते हुए झारखंड के लिए सिल्वर मेडल जीत लिया है।
इस उपलब्धि के साथ ही उन्होंने न सिर्फ राज्य बल्कि अपने गांव और स्कूल का नाम भी रोशन किया है।
रायपुर में हुआ राष्ट्रीय स्तर का आयोजन
यह प्रतिष्ठित चैंपियनशिप छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम (Balbir Singh Juneja Indoor Stadium) में आयोजित की गई थी।
प्रतियोगिता में DAV ग्रुप के करीब 900 स्कूलों से चुने गए 45 प्रतिभाशाली खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। प्रशांत ने अंडर-19 वर्ग में झारखंड टीम का प्रतिनिधित्व किया|
अंडर-19 वर्ग में दमदार खेल, झारखंड बना रनर-अप
प्रशांत के बेहतरीन खेल की बदौलत झारखंड की टीम पूरे टूर्नामेंट में रनर-अप रही। व्यक्तिगत प्रदर्शन में प्रशांत ने सिल्वर मेडल जीतकर एक खास कीर्तिमान अपने नाम किया।
उनके खेल में तकनीक, फुर्ती और आत्मविश्वास साफ झलक रहा था।
फाइनल तक का सफर रहा बेहद रोमांचक
अंडर-19 वर्ग में प्रशांत ने पूल मुकाबलों से लेकर सेमीफाइनल तक अपने सभी प्रतिद्वंद्वियों को पराजित किया।
फाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक रहा, जहां उन्होंने आखिरी क्षण तक शानदार खेल दिखाया, लेकिन मामूली अंकों के अंतर से सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा।
किसान का बेटा बना राष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी
प्रशांत के पिता रणधीर सिंह एक किसान हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद प्रशांत ने कड़ी मेहनत, अनुशासन और निरंतर अभ्यास के बल पर यह मुकाम हासिल किया है।
बालू जैसे ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर राष्ट्रीय मंच पर पहुंचना उनकी संघर्षपूर्ण और प्रेरणादायक कहानी को दर्शाता है।
स्कूल और गांव में खुशी की लहर
प्रशांत की इस ऐतिहासिक सफलता पर DAV नीरजा सहाय पब्लिक स्कूल में खुशी का माहौल है।
विद्यालय के प्राचार्य, खेल शिक्षक और समस्त स्टाफ ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। वहीं बालू गांव सहित पूरे कांके प्रखंड में लोगों ने गर्व और खुशी जाहिर की है।
युवाओं के लिए बने प्रेरणा
प्रशांत कुमार सिंह की यह उपलब्धि ग्रामीण प्रतिभाओं के लिए एक मजबूत संदेश है कि मेहनत और लगन से किसी भी मंच तक पहुंचा जा सकता है। उनकी सफलता आने वाली पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है।

