Home Blog Page 17

रिम्स में नियुक्ति प्रक्रिया पर बड़ा फैसला, असिस्टेंट प्रोफेसर की बहाली होगी हर साल

Big decision on the Appointment Process in RIMS: राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (RIMS) में नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर गुरुवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

यह बैठक अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में उनके कार्यालय में हुई। बैठक में रिम्स के कई वरिष्ठ अधिकारी और विभागाध्यक्ष मौजूद रहे।

बैठक में रिम्स के निदेशक डॉ. राजकुमार, डीन डॉ. बी. कुमार, सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. डी. के. सिन्हा, जेनेटिक्स विभागाध्यक्ष डॉ. अनुपा प्रसाद और मेडिकल एजुकेशन से जुड़े डॉ. सुभाशीष सरकार शामिल हुए।

हर साल होगी असिस्टेंट प्रोफेसर की बहाली

बैठक में Assistant Professor की नियुक्ति प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। विकास आयुक्त ने निर्देश दिया कि यह बहाली प्रक्रिया नियमित रूप से और हर साल की जाए।

उनका कहना था कि इससे पढ़ाई और मरीजों के इलाज की गुणवत्ता पर कोई असर नहीं पड़ेगा। साथ ही, देश के बड़े मेडिकल संस्थानों और एम्स की तरह रिम्स में भी साफ और तय पात्रता मानक लागू करने की बात कही गई।

चयन प्रक्रिया होगी निष्पक्ष और पारदर्शी

अधिकारियों ने चयन प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष बनाने पर सहमति जताई। तय किया गया कि उम्मीदवारों को Objective Marking System के आधार पर शॉर्टलिस्ट किया जाएगा।

इंटरव्यू प्रक्रिया को आसान लेकिन प्रभावी रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि अभ्यर्थियों का सही और पूरा मूल्यांकन हो सके।

नॉन-टेक्निकल स्टाफ और नर्सिंग कॉलेज पर भी चर्चा

बैठक में Non-Technical Staff की नियुक्ति और रिम्स नर्सिंग कॉलेज में प्रिंसिपल की बहाली को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों का मानना है कि इससे रिम्स का प्रशासनिक और शैक्षणिक ढांचा और मजबूत होगा।

पुंदाग में तीन दिवसीय श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा का आयोजन, श्रद्धालुओं में उत्साह

Organizing Shrimad Bhagwat Krishna Katha : पुंदाग स्थित श्री राधा कृष्ण प्रणामी मंदिर में 9 से 11 जनवरी तक तीन दिनों का श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा (Srimad Bhagwat Krishna Katha) और वाणी चर्चा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।

यह धार्मिक आयोजन श्री कृष्ण प्रणामी सेवा धाम ट्रस्ट के तत्वावधान में हो रहा है। कथा प्रतिदिन दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगी। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।

प्रसिद्ध कथावाचक करेंगे अमृतमयी कथा का वर्णन

इस विशेष अवसर पर कथावाचक के रूप में श्री श्री 108 परमहंस डॉ. सदानंद जी महाराज श्रद्धालुओं को अपने श्रीमुख से श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा का रसपान कराएंगे।

डॉ. सदानंद जी महाराज देश और विदेश में अपनी कथाओं के लिए प्रसिद्ध हैं।

रांची में यह उनकी 39वीं श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा होगी। अब तक वे 2454 से अधिक कथाओं का आयोजन कर चुके हैं, जिससे उनकी धार्मिक सेवा और अनुभव का अंदाजा लगाया जा सकता है।

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पूरी तैयारी

श्री कृष्ण प्रणामी सेवा धाम ट्रस्ट के उपाध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद अग्रवाल और Trust के प्रवक्ता संजय सर्राफ ने जानकारी दी कि कार्यक्रम की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बैठने, ध्वनि व्यवस्था और अन्य आवश्यक प्रबंध किए गए हैं, ताकि सभी लोग शांत वातावरण में कथा का आनंद ले सकें।

ट्रस्ट की अपील, अधिक से अधिक लोग हों शामिल

ट्रस्ट की ओर से सभी श्रद्धालुओं और धर्मप्रेमी लोगों से अपील की गई है कि वे इस तीन दिवसीय धार्मिक आयोजन में शामिल होकर श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा का लाभ उठाएं।

आयोजकों का कहना है कि यह कार्यक्रम आध्यात्मिक शांति और भक्ति का विशेष अवसर प्रदान करेगा।

खूंटी में पड़हा राजा अध्यक्ष सोमा मुंडा की हत्या, इलाके में आक्रोश

Murdered in Khunti : खूंटी जिले से एक दुखद और गंभीर खबर सामने आई है। एदेल संगा पड़हा राजा के अध्यक्ष सोमा मुंडा की अपराधियों ने गोली मारकर हत्या (Murder) कर दी। इस घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है।

सरना धर्म को मानने वाले लोगों में गहरा गुस्सा देखा जा रहा है। लोग इस घटना को लेकर शोक के साथ-साथ नाराजगी भी जाहिर कर रहे हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हत्या किसी व्यक्तिगत दुश्मनी का मामला नहीं है, बल्कि इसके पीछे सामाजिक और राजनीतिक कारण हो सकते हैं।

उनका मानना है कि इस घटना ने आदिवासी समाज (Tribal Society) की सुरक्षा और सम्मान पर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग करने लगे।

8 जनवरी को खूंटी बंद का आह्वान

इस हत्या के विरोध में आदिवासी समन्वय समिति ने 8 जनवरी को खूंटी बंद बुलाने का फैसला किया है। समिति का कहना है कि बंद के माध्यम से वे अपनी नाराजगी शांतिपूर्ण तरीके से जाहिर करेंगे।

बंद के दौरान बाजार, दुकानें और आवागमन प्रभावित रहने की संभावना है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच हो और अपराधियों को कड़ी सजा दी जाए।

दर्दनाक सड़क हादसा : खूंटी में दो फादरों की मौत, एक गंभीर रूप से घायल

0

Tragic Road Accident : Khunti जिले में बुधवार देर रात एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हुआ। इस दुर्घटना में Dodma RC Church से जुड़े दो फादरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य फादर गंभीर रूप से घायल हो गए।

यह हादसा खूंटी–सिमडेगा मुख्य सड़क पर उस समय हुआ, जब तीनों फादर देर रात कार से लौट रहे थे।

हादसे में गई दो जानें, एक का इलाज जारी

मृतकों की पहचान डोड़मा चर्च के फादर सुशील प्रवीण टिडू और बागरटोली निवासी फादर सुनील भेंगरा के रूप में की गई है। वहीं, गंभीर रूप से घायल फादर जॉन्सन भेंगरा को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

बताया गया है कि फादर Johnson असम के एक चर्च में पदस्थापित हैं और फिलहाल उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।

पार्टी से लौटते वक्त हुआ हादसा

स्थानीय लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तीनों फादर तोरपा में एक पार्टी में शामिल होकर देर रात डोड़मा चर्च लौट रहे थे। इसी दौरान उनकी कार सड़क पर आगे चल रहे एक ट्रक के पीछे जा घुसी।

टक्कर इतनी तेज थी कि कार का अगला हिस्सा ट्रक के पिछले हिस्से में बुरी तरह फंस गया और कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।

तेज टक्कर से मची अफरा-तफरी

ग्रामीणों ने बताया कि टक्कर की आवाज काफी दूर तक सुनाई दी।

हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। कार का अगला हिस्सा ट्रक में फंसे होने के कारण राहत और बचाव कार्य में काफी परेशानी हुई। स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद की कोशिश की और पुलिस को सूचना दी।

पुलिस और स्थानीय लोगों ने किया रेस्क्यू

हादसे की जानकारी मिलते ही तोरपा के उप प्रमुख संतोष कर घटनास्थल पर पहुंचे और Police को सूचित किया। इसके बाद थाना प्रभारी मुकेश यादव अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे।

पुलिस और ग्रामीणों ने मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद क्षतिग्रस्त कार में फंसे तीनों फादरों को बाहर निकाला।

पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए शव

पुलिस ने दोनों मृत फादरों के शवों को कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। घायल फादर जॉन्सन का इलाज अस्पताल में जारी है।

प्रारंभिक जांच में पुलिस ने आशंका जताई है कि तेज रफ्तार और रात में कम दृश्यता इस हादसे की बड़ी वजह हो सकती है।

इस दर्दनाक घटना से चर्च समुदाय और पूरे इलाके में शोक का माहौल है।

खूंटी बंद से ठप हुई ज़िंदगी, सोम मुंडा की हत्या पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा

0

Khunti Bandh Brings Life to a Standstill : खूंटी जिले में पड़हा राजा सोम मुंडा की नृशंस हत्या (Murder) के विरोध में गुरुवार को आहूत खूंटी बंद का व्यापक असर देखने को मिला।

सुबह से ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और बंद समर्थक सड़कों पर उतर आए। जगह-जगह चौक-चौराहों को जाम कर दिया गया, जिससे पूरे इलाके में यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।

बाजार, दुकानें और शैक्षणिक संस्थान बंद रहे, जिससे आम लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बंद के कारण जनजीवन लगभग पूरी तरह ठप हो गया है।

प्रमुख सड़कों पर प्रदर्शन और नारेबाजी

सोम मुंडा की हत्या से नाराज ग्रामीणों ने जिले के मुख्य मार्गों को निशाना बनाया। कई जगहों पर टायर जलाकर सड़क को अवरुद्ध किया गया, वहीं कुछ स्थानों पर प्रदर्शनकारी बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए।

इस दौरान न्याय की मांग को लेकर जोरदार नारे लगाए गए। प्रदर्शनकारियों (Protesters) का कहना है कि सोम मुंडा की हत्या ने पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है और जब तक दोषियों को सजा नहीं मिलती, उनका आंदोलन जारी रहेगा।

आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग तेज

बंद समर्थकों और प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग है कि पड़हा राजा सोम मुंडा की हत्या में शामिल सभी आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।

इसके साथ ही पीड़ित परिवार को त्वरित और निष्पक्ष न्याय देने की भी मांग की जा रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।

प्रशासन अलर्ट, हालात संभालने की कोशिश

स्थिति को देखते हुए पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं। वे प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें शांत करने का प्रयास कर रहे हैं।

प्रशासन का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। फिलहाल जिले में तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रित माहौल बना हुआ है।

सेवायत भूमि घोटाला : लैंड ब्रोकर विजय प्रताप सिंह को हाईकोर्ट से नहीं मिली राहत

0

Cases of illegal Buying and Selling : सेवायत भूमि की अवैध खरीद-बिक्री (illegal Buying and Selling) से जुड़े मामले में जेल में बंद हजारीबाग के लैंड ब्रोकर विजय प्रताप सिंह को झारखंड हाईकोर्ट (Jharkhand High Court) से कोई राहत नहीं मिली है।

हाईकोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी है। बुधवार को इस मामले की सुनवाई हुई, जिसमें अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद यह फैसला सुनाया।

ACB की दलीलों के आगे नहीं टिकी जमानत याचिका

बुधवार को झारखंड हाईकोर्ट में विजय प्रताप सिंह की बेल अर्जी पर विस्तार से सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) और आरोपी विजय प्रताप सिंह की ओर से उनके वकीलों ने अपनी-अपनी दलीलें रखीं।

दोनों पक्षों की बातों को सुनने के बाद अदालत ने माना कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जमानत देना उचित नहीं है। इसके बाद कोर्ट ने विजय प्रताप सिंह की जमानत याचिका खारिज कर दी।

इस केस की सुनवाई High Court के न्यायाधीश जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की अदालत में हुई।

कोर्ट ने साफ किया कि सेवायत भूमि जैसे संवेदनशील मामले में अवैध खरीद-बिक्री के आरोप गंभीर हैं और इसकी गहन जांच जरूरी है। इसलिए आरोपी को फिलहाल जेल में ही रहना होगा।

एक दिन पहले ही मुख्य आरोपी की भी बेल हुई थी खारिज

गौरतलब है कि इस मामले में एक दिन पहले मंगलवार को भी हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया था।

कोर्ट ने इसी केस के मुख्य आरोपी विनय चौबे की जमानत अर्जी को भी खारिज कर दिया था। इससे साफ है कि अदालत इस पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है।

ACB ने इस घोटाले को लेकर कांड संख्या 9/2025 दर्ज की है। जांच एजेंसी का कहना है कि सेवायत भूमि की अवैध तरीके से खरीद-बिक्री कर नियमों का उल्लंघन किया गया है।

ACB की ओर से विशेष लोक अभियोजक सुमित गड़ोदिया ने कोर्ट में पक्ष रखा और जमानत का विरोध किया।

फिलहाल, High Court के इस फैसले के बाद विजय प्रताप सिंह को जेल में ही रहना होगा और मामले की आगे की सुनवाई जारी रहेगी।

ऑपरेशन सिंदूर: भारत की एयर स्ट्राइक से घबराया पाकिस्तान, अमेरिका से 60 बार मांगी मदद

Operation Sindoor : भारत द्वारा ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) के तहत की गई एयर स्ट्राइक ने पाकिस्तान को पूरी तरह हिला दिया था।

अब यह बात दुनिया के सामने आ चुकी है कि इस सैन्य कार्रवाई से पाकिस्तान को भारी नुकसान हुआ।

हालात इतने खराब हो गए थे कि पाकिस्तान ने युद्ध रुकवाने के लिए अमेरिका से बार-बार गुहार लगाई। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान ने डर के मारे करीब 60 बार अमेरिका से संपर्क किया था।

अमेरिकी दस्तावेजों से हुआ बड़ा खुलासा

यह जानकारी Foreign Agents Registration Act (FARA) के तहत सार्वजनिक किए गए अमेरिकी दस्तावेजों से सामने आई है। ये दस्तावेज Donald Trump के कार्यकाल से जुड़े बताए जा रहे हैं।

इनमें खुलासा हुआ है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान ने अमेरिका में जोरदार लॉबिंग कराई थी। इस लॉबिंग पर लगभग 45 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे।

दस्तावेजों के अनुसार, पाकिस्तान इस बात से डरा हुआ था कि ऑपरेशन सिंदूर केवल रोका गया है, खत्म नहीं हुआ। उसे आशंका थी कि भारत कभी भी दोबारा हमला कर सकता है।

इसी डर के कारण Pakistan लगातार अमेरिकी प्रशासन के बड़े अधिकारियों से संपर्क में था और पूरे मामले को “क्राइसिस मैनेजमेंट” की तरह संभालने की कोशिश कर रहा था।

हथियार और आर्थिक मदद की भी लगाई गुहार

अमेरिकी कागजात बताते हैं कि पाकिस्तान ने न सिर्फ भारत का सैन्य अभियान रुकवाने की अपील की, बल्कि अमेरिका से हथियार और आर्थिक मदद भी मांगी।

पाकिस्तानी सैन्य अधिकारियों को यह साफ दिखने लगा था कि भारत की सैन्य ताकत के सामने वे ज्यादा देर टिक नहीं पाएंगे। भारी नुकसान के डर से पाकिस्तानी कमांडरों की तरफ से भारत का ऑपरेशन रोकने की अपील की गई थी।

मोदी के बयान से और बढ़ी पाकिस्तान की चिंता

पाकिस्तान की चिंता इसलिए भी बढ़ गई थी क्योंकि प्रधानमंत्री Narendra Modi ने मई में साफ कहा था कि ऑपरेशन सिंदूर खत्म नहीं हुआ है, केवल रोका गया है। इससे पाकिस्तान को लगा कि भारत भविष्य में फिर से कार्रवाई कर सकता है।

पहलगाम हमले के बाद शुरू हुआ था ऑपरेशन सिंदूर

गौरतलब है कि 22 अप्रैल को Jammu and Kashmir के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने मई 2025 के पहले सप्ताह में ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था।

7 मई को की गई एयर स्ट्राइक में 100 से ज्यादा आतंकवादी मारे गए थे और पाकिस्तान के कई सैन्य एयरबेस तबाह हो गए थे। आखिरकार 10 मई को दोनों देशों के बीच सीजफायर हुआ था।

अमेरिका के सख्त फैसले: भारत, छात्रों और वीज़ा पर बढ़ी चिंता

US Tough Decisions : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इन दिनों अपने कड़े और विवादित फैसलों को लेकर लगातार चर्चा में हैं।

हाल ही में वेनेजुएला (Venezuela) के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को अमेरिका लाने की खबरों के बाद उन्होंने Greenland को अपने नियंत्रण में लेने की बात कही, जिससे कई नाटो देशों में चिंता देखी जा रही है।

भारत के लिए अहम फैसले

भारत के संदर्भ में देखें तो अमेरिका ने रूसी तेल की खरीद को लेकर भारत पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगा दिया है। इसके साथ ही H-1B वीज़ा की फीस में भी भारी बढ़ोतरी की गई है।

H-1B वीज़ा एक अमेरिकी गैर-आप्रवासी वीज़ा होता है, जिसके जरिए अमेरिकी कंपनियां IT, इंजीनियरिंग, मेडिकल, साइंस और अन्य विशेष क्षेत्रों में विदेशी प्रोफेशनल्स को अस्थायी तौर पर नौकरी देती हैं।

इस फैसले से भारतीय प्रोफेशनल्स पर सीधा असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।

भारतीय छात्रों को सख्त चेतावनी

आज बुधवार को अमेरिका में पढ़ रहे भारतीय छात्रों को लेकर एक और बड़ी खबर सामने आई है।

भारत में स्थित अमेरिकी दूतावास ने साफ चेतावनी दी है कि अगर कोई छात्र अमेरिकी कानूनों का उल्लंघन करता है तो उसका Student Visa रद्द किया जा सकता है। इतना ही नहीं, ऐसे छात्रों को देश से बाहर भी निकाला जा सकता है।

सोशल मीडिया पर दूतावास का संदेश

अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि American कानून तोड़ने पर गिरफ्तारी हो सकती है, वीज़ा रद्द किया जा सकता है और भविष्य में अमेरिकी वीज़ा के लिए अयोग्य भी ठहराया जा सकता है।

दूतावास ने छात्रों से नियमों का पालन करने और अपनी यात्रा को खतरे में न डालने की अपील की है।

वीज़ा अधिकार नहीं, सुविधा

दूतावास ने अपने संदेश में यह भी साफ किया कि अमेरिकी वीज़ा कोई अधिकार नहीं बल्कि एक सुविधा है।

इससे पहले भी अमेरिका जाने वाले अवैध अप्रवासियों को चेतावनी दी जा चुकी है कि इमिग्रेशन कानूनों के उल्लंघन पर आपराधिक सजा का प्रावधान है। इन सख्त कदमों से भारतीय छात्रों और कामकाजी लोगों में चिंता बढ़ गई है।

USA से पकड़ा गया लॉरेंस बिश्नोई गैंग का अपराधी अमन, भारत लाकर पुलिस के हवाले

Lawrence Bishnoi gang Criminal Aman Arrested: CBI ने इंटरपोल की मदद से कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग (Lawrence Bishnoi Gang) से जुड़े अपराधी अमन कुमार उर्फ अमन भैंसवाल को अमेरिका (USA) से गिरफ्तार कर भारत ले आई है।

अमन हरियाणा पुलिस को हत्या समेत कई गंभीर आपराधिक मामलों में लंबे समय से वांछित था। उसके विदेश भाग जाने के कारण मामलों की सुनवाई आगे नहीं बढ़ पा रही थी।

जमानत के बाद देश छोड़कर हुआ था फरार

जानकारी के अनुसार, अमन कुमार को पहले हरियाणा पुलिस ने हत्या और अन्य मामलों में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बाद में अदालत से उसे जमानत मिल गई।

जमानत पर बाहर आने के बाद अमन ने कानून से बचने के लिए भारत छोड़ दिया और विदेश चला गया। इसके बाद उसके खिलाफ चल रहे आपराधिक मामलों की सुनवाई रुक गई थी।

हरियाणा पुलिस ने मांगी थी मदद

अमन के फरार होने से परेशान Haryana Police ने उसे पकड़ने के लिए केंद्रीय जांच एजेंसियों से सहयोग मांगा। इस अनुरोध के बाद सीबीआई ने मामले में हस्तक्षेप किया और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्रवाई शुरू की।

इंटरपोल की मदद से USA में गिरफ्तारी

CBI के आग्रह पर इंटरपोल ने अमन कुमार की लोकेशन का पता लगाया। इसके बाद उसे USA में पकड़ लिया गया। गिरफ्तारी के बाद वहां की कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई, ताकि उसे भारत लाया जा सके।

भारत लाकर आगे की कार्रवाई शुरू

सभी जरूरी न्यायिक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद अमन कुमार को आज भारत लाया गया। अब उसे संबंधित राज्य पुलिस के हवाले कर दिया गया है, ताकि उसके खिलाफ लंबित हत्या और अन्य मामलों में कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाई जा सके।

यह कार्रवाई बताती है कि अपराधी चाहे देश में हों या विदेश में, कानून से बच नहीं सकते। एजेंसियां मिलकर ऐसे मामलों में सख्त कदम उठा रही हैं।

ICC का सख्त रुख, भारत में ही खेलेगा बांग्लादेश, मैच न खेलने पर कटेंगे पॉइंट्स

ICC Takes a Tough Stand : बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं के खिलाफ हिंसा की खबरों के बीच क्रिकेट से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है।

इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (International Cricket Council) ने बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (Bangladesh Cricket Board) की उस मांग को खारिज कर दिया है, जिसमें उसने अपने ICC T20 वर्ल्ड कप 2026 के मैच भारत से बाहर कराने की अपील की थी।

BCB चाहता था कि ये मैच Sri Lanka में कराए जाएं, लेकिन ICC ने साफ इनकार कर दिया।

भारत नहीं आई टीम तो होगा नुकसान

ESPNcricinfo की रिपोर्ट के मुताबिक, मंगलवार को ICC और BCB के बीच एक वर्चुअल मीटिंग हुई।

इस बैठक में BCB ने भारत में बांग्लादेशी खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई और कहा कि मौजूदा हालात में टीम के लिए भारत आना ठीक नहीं होगा। इसी वजह से उसने मैचों को किसी दूसरे देश में शिफ्ट करने का सुझाव दिया।

ICC ने नहीं मानी बात

ICC ने BCB की इस मांग को ठुकराते हुए कहा कि टूर्नामेंट का शेड्यूल पहले से तय है और बांग्लादेश की सीनियर पुरुष टीम को भारत आकर ही अपने मैच खेलने होंगे।

ICC ने यह भी स्पष्ट किया कि अगर बांग्लादेश की टीम भारत नहीं आती है और मैच नहीं खेलती, तो उसे पॉइंट्स गंवाने पड़ सकते हैं। हालांकि, इस बैठक के बाद ICC या BCB की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

7 फरवरी से शुरू होगा T20 वर्ल्ड कप

ICC T20 वर्ल्ड कप 2026 की शुरुआत 7 फरवरी से भारत में होगी। पहला मुकाबला कोलकाता के Eden Gardens में बांग्लादेश और West Indies के बीच खेला जाएगा।

इसके बाद बांग्लादेश 9 फरवरी को इटली और 14 फरवरी को इंग्लैंड से भिड़ेगा। ये दोनों मैच भी कोलकाता में ही होंगे। वहीं, 17 फरवरी को मुंबई के Wankhede Stadium में बांग्लादेश और नेपाल के बीच मैच तय है।

मुस्तफिजुर से जुड़ा विवाद

पूरा विवाद तब और बढ़ गया जब 16 दिसंबर को अबु धाबी में IPL 2026 की मिनी नीलामी हुई। इस नीलामी में कोलकाता नाइट राइडर्स (Kolkata Knight Riders) ने बांग्लादेश के तेज गेंदबाज Mustafizur Rahman को 9.20 करोड़ रुपये में खरीदा था।

लेकिन बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचार की खबरों के बाद सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ विरोध शुरू हो गया।

केकेआर के फैसले से बढ़ा मामला

विवाद बढ़ने पर BCCI के निर्देश के बाद KKR ने मुस्तफिजुर को टीम से Release कर दिया। इसके बाद ही BCB ने T20 वर्ल्ड कप के मैच भारत से बाहर कराने की मांग तेज कर दी।

हालांकि, ICC के ताजा फैसले के बाद यह साफ हो गया है कि बांग्लादेश को भारत में ही आकर खेलना होगा।