Ramgarh : रजरप्पा मंदिर प्रक्षेत्र में जिला प्रशासन ने अतिक्रमण हटाने के लिए बड़ा अभियान चलाया। झारखंड हाई कोर्ट के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में अवैध रूप से लगी 250 से अधिक दुकानों को हटाया गया। गुरुवार सुबह करीब 10 बजे शुरू हुए इस अभियान के दौरान पूरे मंदिर क्षेत्र को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। बड़ी संख्या में पुलिस बल, दंडाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद रहे, ताकि कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हो सके। कुछ दुकानदारों ने विरोध करने की कोशिश की, लेकिन प्रशासन की सख्ती के सामने उनकी एक नहीं चली।

प्रशासन के अनुसार, वर्षों से मंदिर परिसर में अनियोजित तरीके से दुकानें चल रही थीं, जिससे अव्यवस्था बढ़ रही थी। इसी को लेकर दायर जनहित याचिका पर उच्च न्यायालय ने अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया था। उसी के पालन में यह कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान सारा मंदिर परिसर बदल गया। जहां पहले दुकानों की कतारें थीं, वहां अब मलबा और खाली जगह नजर आई। प्रशासन का कहना है कि इससे श्रद्धालुओं को आने-जाने में सुविधा होगी और मंदिर क्षेत्र अधिक साफ-सुथरा और व्यवस्थित दिखेगा।

हालांकि इस कार्रवाई से सैकड़ों दुकानदारों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। कई दुकानदार भावुक नजर आए और उन्होंने प्रशासन से पुनर्वास की मांग की। दुकानदारों का कहना है कि वे वर्षों से यहां दुकान चलाकर अपना परिवार पाल रहे थे, ऐसे में अचानक हटाए जाने से उनकी रोजी-रोटी छिन गई है। दुकानदार संघ के प्रतिनिधियों ने कहा कि वे न्यायालय के आदेश का सम्मान करते हैं, लेकिन प्रशासन को पहले वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए थी। वहीं कुछ दुकानदारों ने बताया कि उन्होंने पुनर्वास की मांग को लेकर अदालत में याचिका भी दायर की है।
प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई मंदिर क्षेत्र के प्रस्तावित पुनर्विकास योजना के तहत की जा रही है। भविष्य में यहां पार्किंग, पेयजल, स्वच्छता और सुरक्षा की बेहतर व्यवस्था की जाएगी, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुविधा मिल सके।

