बैंक ने कहा- मृत महिला को लाने को नहीं कहा था
Indian Overseas Bank ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बयान जारी करते हुए कहा कि उन्होंने कभी भी मृत खाताधारक को फिजिकली बैंक लाने की मांग नहीं की थी। बैंक ने बताया कि यह मामला उसकी प्रायोजित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक ओडिशा ग्रामीण बैंक की मल्लीपोसी शाखा से जुड़ा है। बैंक के अनुसार, मीडिया में चल रही कई खबरें गलत हैं और कर्मचारियों ने ऐसी कोई बात नहीं कही थी।
क्या है पूरा मामला
बैंक के मुताबिक, जीतू मुंडा नाम का शख्स अपनी बहन कलारा मुंडा के खाते से पैसे निकालने के लिए पहली बार शाखा में पहुंचा था। बैंक अधिकारियों ने उसे बताया कि बिना उचित अनुमति के किसी तीसरे व्यक्ति को खाते से पैसे निकालने की इजाजत नहीं दी जा सकती।
मौत के बाद क्या होती है प्रक्रिया
जब उस व्यक्ति ने बताया कि खाताधारक की मौत हो चुकी है, तो शाखा प्रबंधक ने उसे समझाया कि ऐसे मामलों में मृत्यु प्रमाण पत्र और अन्य जरूरी दस्तावेज जमा करना अनिवार्य होता है। बैंक का कहना है कि यह नियम खाताधारक के पैसे की सुरक्षा के लिए जरूरी है।
नशे की हालत में फिर पहुंचा शख्स
बैंक के मुताबिक, बाद में वह व्यक्ति कथित रूप से नशे की हालत में फिर शाखा पहुंचा और हंगामा करने लगा। इसके बाद वह अपनी बहन के कथित कंकाल अवशेष लेकर आया और बैंक के बाहर रखकर पैसे निकालने की मांग करने लगा। इस घटना से बैंक परिसर में तनाव फैल गया।
पुलिस को बुलाना पड़ा
स्थिति बिगड़ने के बाद बैंक ने तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचना दी। पुलिस की मौजूदगी में पूरे मामले को संभाला गया और हालात को शांत कराया गया।
बैंक ने आरोपों से किया इनकार
बैंक ने कहा कि यह पूरी घटना दावों के निपटान की प्रक्रिया की जानकारी न होने और नियमों का पालन न करने की वजह से हुई। उन्होंने किसी भी तरह की बदसलूकी या उत्पीड़न के आरोपों से इनकार किया है। साथ ही बैंक ने बताया कि स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कराने की प्रक्रिया चल रही है, जिसके बाद दावे का निपटान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।