Godda News : झारखंड के गोड्डा जिले में कुसुमघाटी की रहने वाली आदिम जनजाति पहाड़िया समुदाय की एक प्रसूता, मीरा मालतो की मौत के बाद राजनीति तेज हो गई है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने इस घटना को लेकर राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
आदित्य साहू ने कहा कि यह सिर्फ एक महिला की मौत नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की विफलता का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि यह घटना मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विधानसभा क्षेत्र बरहेट से जुड़ी है, जो और भी चिंताजनक है। उनका कहना है कि जब मुख्यमंत्री के क्षेत्र में ही ऐसी स्थिति है, तो बाकी राज्य की हालत का अंदाजा लगाया जा सकता है।
स्वास्थ्य मंत्री पर निशाना
BJP प्रदेश अध्यक्ष ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री पर भी निशाना साधते हुए कहा कि झारखंड बनने के बाद इतना कमजोर स्वास्थ्य मंत्री नहीं देखा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री जरूरी काम छोड़कर अन्य गतिविधियों में व्यस्त रहते हैं, जिससे स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
आदिम जनजातियों की स्थिति पर चिंता
साहू ने कहा कि राज्य में आदिम जनजातियों की हालत बेहद खराब है और वे अपने अस्तित्व के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की उदासीनता के कारण ऐसे समुदायों की स्थिति और भी गंभीर हो गई है।
पुरानी घटनाओं का जिक्र
उन्होंने कहा कि पहले भी खटिया या ठेला से मरीजों को अस्पताल ले जाने जैसी घटनाएं सामने आती रही हैं। हाल ही में एक पिता को अपने बच्चे का शव बैग और Cartoon में ले जाने की घटना भी सामने आई, जो व्यवस्था की कमजोरी को दिखाती है।
आंदोलन की चेतावनी
BJP ने इस मुद्दे पर सरकार को चेतावनी दी है। आदित्य साहू ने कहा कि पार्टी चुप नहीं बैठेगी और आने वाले समय में राज्य की खराब स्वास्थ्य व्यवस्था के खिलाफ बड़ा आंदोलन करेगी।

