Patna : राजधानी पटना में अब खुले में कचरा फेंकना लोगों को महंगा पड़ सकता है। नगर निगम और स्मार्ट सिटी मिलकर शहर में सफाई को लेकर सख्त कदम उठाने जा रहे हैं। ट्रैफिक नियमों की तरह अब कचरा फैलाने पर भी चालान काटा जाएगा। पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड एक हाईटेक निगरानी प्रोजेक्ट शुरू कर रहा है। इसके तहत 19 इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर वाहन तैनात किए जाएंगे, जिन्हें ‘नगर नेत्र’ नाम दिया गया है। ये वाहन शहर के सभी 75 वार्डों में घूमकर निगरानी करेंगे।
AI से होगी पहचान और कार्रवाई
इन वाहनों में 4K कैमरा, वाइड एंगल लेंस और जीपीएस सिस्टम लगाया जाएगा। इससे कचरा, खुले मैनहोल, खराब स्ट्रीट लाइट और अवैध कब्जे जैसी समस्याओं की जानकारी तुरंत कंट्रोल रूम तक पहुंचेगी। यह सिस्टम आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से लैस होगा, जो कचरे के ढेर, गड्ढों, अवैध होर्डिंग्स और लावारिस पशुओं की पहचान करेगा। अगर कहीं बड़ा कचरे का ढेर या गड्ढा मिलता है, तो सिस्टम खुद रिपोर्ट और फोटो तैयार कर देगा।
केंद्रीय कंट्रोल सेंटर से मॉनिटरिंग
सभी डेटा का विश्लेषण ICCC भवन में बने सेंट्रल ऑपरेशंस सेंटर में किया जाएगा। यहां से पूरे शहर की निगरानी की जाएगी और संबंधित विभाग को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे। इस प्रोजेक्ट पर करीब 8.95 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसे नवंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके संचालन के लिए 27 सदस्यों की टीम तैनात की जाएगी।

