Iran and US War: अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर के बाद भी होर्मुज स्ट्रेट में तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार को ईरान के सुरक्षा बलों ने होर्मुज से गुजर रहे तीन कंटेनर जहाजों को निशाना बनाया। इनमें से एक जहाज भारत की ओर आ रहा था। इस दौरान ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड यानी IRGC की गन बोट ने गोलीबारी भी की। घटना के बाद अमेरिका और ईरान के बीच चल रही शांति वार्ता को लेकर नई अनिश्चितता पैदा हो गई है। जहाज ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक तीनों जहाज फारसी खाड़ी से होते हुए होर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहे थे। इनमें से दो जहाजों ने अपनी लोकेशन, गंतव्य और मूल बंदरगाह की जानकारी साझा नहीं की। ईरान ने भारत आ रहे जहाज समेत दो जहाजों को अपने कब्जे में ले लिया है।
दो जहाजों को ईरान ने कब्जे में लिया
ईरान के सरकारी मीडिया के मुताबिक इन जहाजों की पहचान लाइबेरिया के झंडे वाले ‘एपामिनोंडास’, पनामा के झंडे वाले ‘एमएससी फ्रांसेस्का’ और ‘यूफोरिया’ के रूप में हुई है। घटना के दौरान दो जहाजों को ईरान ने कब्जे में ले लिया, जबकि कम से कम एक जहाज को नुकसान पहुंचा है। हालांकि इस घटना में किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं मिली है। ईरान ने जिन जहाजों को रोका है, उनमें भारत की ओर जा रहा जहाज भी शामिल है, जिससे स्थिति और संवेदनशील हो गई है।
भारत आ रहे जहाज पर पहले हुई गोलीबारी
जहाज ट्रैकिंग सर्विस Vessel Finder के AIS डेटा के अनुसार ‘एपामिनोंडास’ जहाज ने भारत को अपना गंतव्य बताया था। बुधवार को सबसे पहले इसी जहाज पर गोलीबारी हुई। यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस सेंटर के मुताबिक ईरान की IRGC की गन बोट ने ओमान से करीब 15 नॉटिकल मील उत्तर पूर्व में इस जहाज को निशाना बनाया। इस हमले में जहाज के कमांड सेंटर को भारी नुकसान पहुंचा।
ईरान का दावा, नियमों का उल्लंघन किया
IRGC की कार्रवाई की जद में आने वाले अन्य जहाजों में ‘एमएससी फ्रांसेस्का’ श्रीलंका के हम्बनटोटा बंदरगाह जा रहा था, जबकि ‘यूफोरिया’ जहाज जेद्दा की ओर बढ़ रहा था। ईरान ने दावा किया कि इन जहाजों ने समुद्री नियमों का उल्लंघन किया या चेतावनियों को नजरअंदाज किया। वहीं कुछ समुद्री सूत्रों का कहना है कि कम से कम एक जहाज को पहले से अनुमति मिली हुई थी।
पहले भी भारतीय जहाजों पर हुई थी फायरिंग
जलमार्ग मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव मुकेश मंगल ने हाल ही में बताया था कि पिछले सप्ताह होर्मुज पार करने की कोशिश कर रहे दो भारतीय जहाजों पर भी गोलीबारी हुई थी। इसके बाद उन्हें वापस लौटना पड़ा था। हालांकि भारतीय ध्वज वाला टैंकर ‘देश गरिमा’ 18 अप्रैल को सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर चुका है और इसके जल्द मुंबई पहुंचने की उम्मीद है।
बढ़ सकती है चिंता
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में से एक है। यहां बढ़ता तनाव वैश्विक व्यापार और तेल आपूर्ति को प्रभावित कर सकता है। भारत की ओर जा रहे जहाज को निशाना बनाए जाने के बाद इस क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है।

